कोरोना संकट में प्रवासी मजदूरों को, उनके भदोही गृह-आवास, ऐसे पहुंचा रहे श्रीनिवास…

उत्तर प्रदेश के भदोही जनपद में कोरोना संकट के दौरान श्रीनिवास के कार्यो की सराहना की जा रही है, जोकि दिल्ली से बस सहित अन्य माध्यम से प्रवासी मजदूरों को गृह जनपद आवास तक पहुंचा रहे हैं। भदोही जिले में सक्रिय ‘राष्ट्रीय ब्राह्मण युवजन सभा’ ने प्रेस विज्ञप्ति में बताया है श्रीनिवास पांडेय द्वारा दिल्ली…

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सशक्त परदेशी (05) – होश में रहें बेईंमान, ‘महंगा’ पड़ेगा ‘परदेशियों’ का ‘अपमान’…

कोरोना संकट में गांव की गलियों से परदेशियों के खिलाफ उठने वाली आवाज पर ‘मातृभूमि संकल्प’ युवा नेतृत्वकार सुरेंद्र पाठक (गुड्डू) ने रोष जताया है, जिसके बाद चेतावनी भरे लहजे में बेईंमानों को होश में रहने की हिदायत भी दी है। गौरतलब है कि भदोही जनपद के कई गांवों में ‘मातृभूमि संकल्प’ विचारधारा प्रज्ज्वलित करके…

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सशक्त परदेशी (०४) – बिन ‘सभा’ गये..मानवता ‘पथिक’ जीत, ‘भदोहीवासी’ इन्हें ‘कहते’ हैं ‘सभाजीत’

कोरोना की महामारी में कल्याणकारी कार्य के नाम पर भले ही आप की नजरें संस्था व समाजसेवी तक सीमित रह जाय लेकिन सशक्त परदेशियों की भूमिका नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। ‘सशक्त परदेशी’ धारावाहिक की इस कड़ी में पढ़िये सभाजीत मिश्रा के बारे में, जिन्होनें सैकड़ो चूल्हों में संजीवनी नहीं फूंका बल्कि अलख ज्योति…

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सशक्त परदेशी (03) – ‘जौनपुरिया’ युवा का ‘अनुपम’ प्रयास, यहां ‘बिखेर’ रहा ‘मानवता’ की छटा…

‘कलयुग’ में भले ही ‘समाज शास्त्र’ का ज्ञान, ‘अल्प विद्या भयंकरी’ की ‘भेंट’ चढ़ चुका हो लेकिन ‘इच्छाशक्ति’ से सामाजिक ‘परोपकार’ करने में ‘सशक्त परदेशी’ ही ‘नेतृत्वकार’ हैं। मुख्यतः इनके ‘अंतर्मन’ में ‘जाति-धर्म’ से परे ‘मानवता’ का वास होता है। ‘कर्मभूमि’ से ‘जन्मभूमि’ तक सामाजिक-धार्मिक कार्यों में प्रयासरत रहनें वाले ही ‘सशक्त परदेशी’ हैं, जिनकी…

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सशक्त परदेशी (02) – ‘भिवंडी’ से ‘लौट’ गये थे ‘जन्मभूमि’ भदोही, ‘प्रयागराज’ में अब ‘गूंथ’ रहे हैं ‘आटा’….

‘कलयुग’ में भले ही ‘समाज शास्त्र’ का ज्ञान, ‘अल्प विद्या भयंकरी’ की ‘भेंट’ चढ़ चुका हो लेकिन ‘इच्छाशक्ति’ से सामाजिक ‘परोपकार’ करने में ‘सशक्त परदेशी’ ही ‘नेतृत्वकार’ हैं। मुख्यतः इनके ‘अंतर्मन’ में ‘जाति-धर्म’ से परे ‘मानवता’ का वास होता है। ‘कर्मभूमि’ से ‘जन्मभूमि’ तक सामाजिक-धार्मिक कार्यों में प्रयासरत रहनें वाले ही ‘सशक्त परदेशी’ हैं, जिनकी…

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