योगीराज में मजदूरों की मदद के चक्कर में सलाखों तक पहुंचे कांग्रेसी अजय कुमार ‘लल्लू’ फिर मैदान में आ गए हैं, जिससे उत्तर प्रदेश में कांग्रेसियों में पुनः जोरदार उत्साह देखा जा रहा है।
रायबरेली कांग्रेसी नेता कमल सिंह चौहान ने बताया कि
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू को मंगलवार के दिन अदालत से जमानत मिल गयी, जिससे हम लोगो को कार्य करने में एक नई ऊर्जा प्रदान होगी। हमारा प्रदेश का हर कार्यकर्ता इस अदालत के निर्णय से खुश है। हमे एक नई ऊर्जा मिली है, जो हमलोग पिछले 1 महीने से कार्य कर रहे थे कार्यकर्ता की यह जीत है, जो दिन रात पार्टी के साथ जुड़ा हुआ था। हमारे प्रदेश अध्यक्ष को प्रवासी मजदूरों को उनके गंतव्य स्थानों तक पहुंचाने के लिए पार्टी द्वारा 1000 बसें दिए जाने के मामले में धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति ए. आर. मसूदी ने लल्लू को 50-50 हजार रुपये के निजी मुचलकों पर रिहा करने के आदेश दिए, अजय कुमार लल्लू को गत 19 मई को गिरफ्तार किया गया था।
कांग्रेस ने लॉकडाउन के कारण अपने घर लौट रहे प्रवासी श्रमिकों को उनके गंतव्यों तक पहुंचाने के लिए उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के सामने 1000 बसें भेजने का प्रस्ताव रखा था, जिसे सरकार ने स्वीकार कर लिया था लेकिन उसमें सत्ता ने शासन के दम पर नया पचड़ा लगाया।
आगे श्री चौहान ने बताया कि जब से प्रदेश अध्यक्ष को गिरफ्तार किया गया, तब से पार्टी का एक भी कार्यकर्ता चैन नही बैठा है,हम लोगो ने सेवा सत्याग्रह के माध्यम से पूरे प्रदेश भर में गरीब मजदूरों को भोजन कराया तथा प्रदेश अध्यक्ष के एक भी कार्य को रुकने नही दिया। हम लोगो को आज बहुत खुशी हुई, जैसे ही ये पता चला कि अजय कुमार लल्लू को जमानत मिल गयी है। रायबरेली कांग्रेस कार्यालय में सारे कांग्रेसियों ने एक दूसरे को मिठाई खिलाई, इन सबमें सबसे ज्यादा योगदान हमारी कांग्रेस पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी का रहा है कि उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष की रिहाई के लिए अनेको पत्र राज्य सरकार को लिखे तथा वो हर रोज कुछ न कुछ ट्वीट करती रहीी, जिससे पार्टी कार्यकर्ताओं को एक बल मिलता रहा तथा हममें संघर्ष करने का हौसला बढ़ता रहा। यही चीज हर कार्यकर्ता चाहता कि उसे अगर शीर्ष के नेता हौसला देते रहे तो, हर न मुमकीन कार्य आसान हो जाता है ।



