Headlines

भदोही कंठ (०६) – प्रधान ‘पति’ की ‘खद्दरधारी’ हूकूमत, जांच से ‘पहले’ ही ‘नंघई’.!

गांव-समाज -समाज में कहा जाता है कि ‘नंघा क चारी कुड़ा यांनि हिस्सा होथअ’। ऐसे ‘नंघो’ से बचने के लिये ही ग्राम प्रधान चुने जाने की शायद प्रथा शुरू हुई थी ताकि जनसमाज को न्याय मिल सके और जरूरतमंदों तक सरकारी योजनाएं पहुँच सके लेकिन यदि ‘ग्राम विकास’ हेतु निष्पक्ष- निस्वार्थ विकास कार्यों की ‘शपथ’ लेने वाली ‘प्रधानजी’ के ‘पति’ ही ‘नंघई’ पर आमदा हो जाय तो शासनिक-प्रशासनिक अधिकारियों के लिये यह आत्ममंथन का विषय होना चाहिये। ऐसा ही कुछ मामला समक्ष आया है भदोही जनपद के तहसील ज्ञानपुर अंतर्गत महुआरी (धनीपुर) गाँव से।

सरकारी आदेशनामा की खबर के साथ जांच हेतु प्रस्तुत शपथ पत्र की प्रति के साथ भदोही डीएम से जानमाल रक्षा गुहारी पत्र..गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के भदोही जनपद अंतर्गत तहसील ज्ञानपुर के महुआरी (धनी पुर) गाँव में महिला प्रधान के पति द्वारा जोरदार ‘नंघईपूर्ण’ हूकूमत चलाई जा रही थी, जिसका पर्दाफाश आखिरकार अब हो ही गया। बताया जा रहा है कि ४ नवंबर ग्राम की ‘प्रधानजी’ के पति की कारगुजारियों से थकहार करके सैकड़ो ग्राम वासियों की गुहार पर स्थानीय आशिष कुमार मिश्रा, अजय तिवारी, प्रदीप मिश्रा, रविन्द्र तिवारी व शिव कुमार तिवारी ने गांव-समाज में हुये विकास कार्यों की लोकतांत्रिक पद्धति से जांच हेतु हलफनामा दायर कर दिया, जिसकी खबर प्रधानजी के पति शशि चंद्र मिश्र को लग गई। जांच से पहले ही अपनी कारास्तानी को छिपाने के लिये सुप्रसिद्ध स्थानीय भ्रष्टाचारी ने सबसे कमजोर समझकर पंच हलफनामा कर्ताओं में से एक शिव कुमार तिवारी के घर ६ नवंबर की सुबह ९ बजे अपने बेटे विनय मिश्रा व विशाल मिश्रा के साथ हमला कर दिया। यहां काफी जुबानी पारिवारिक उत्पीड़िन सहने के बाद मौन बैठे शिव कुमार तिवारी ने इस घटना के कुछ हिस्से को मोबाइल में कैद भी किया, जिसके प्रत्यक्ष संलग्न विडियो में प्रधान ‘पति’ के तेवर को देखा जा सकता है।

    आखिर क्यों बौखलाये प्रधान ‘पति‘…खद्दरधारी कपड़ों में घूम रहे शशि चंद्र मिश्रा ने प्रधान ‘पति’ बतौर ३९ शिव शंकर नामक ग्राम वासियों सहित १ दर्जन से ज्यादा ‘पाल परिवार’ का कागजी शौचालय बनवाया है। यदि शिकायतकर्ताओं की मानें तो गांव-समाज में ना उतने ‘शिव शंकर’ हैं और नाहीं उतने ‘पाल परिवार’ तो शौचालय कहां बना..? ऐसे ही कई बिंदूओं पर जांच की मांग हेतु हलफनामा (शपथ पत्र) भदोही डीएम के यहां दायर है। मुख्यतः यही बौखलाहट का मुख्य कारण है। खैर..प्रधान ‘पति’ के भ्रष्टाचार कांड की यह कोई नई कहानी नहीं है बल्कि ‘सशक्त समाज’ न्यूज नेटवर्क के पास वर्षों पूर्व शिक्षण संस्थानों के कुर्सी-टेबल घोटाले से लेकर वर्तमान में भदोही डीएम के टेबल पर गुरूकुल सिस्टम विद्यालय की जांच फाईल तक की दास्तांं शिकायत जांच की मांग करने वालों ने आरोप पत्र सहित उपलब्ध करवाया है। शासन-प्रशासन तक पहुंचे शिकायती पत्र के बाद फिलहाल नजर इस पर है कि भदोही डीएम विशेष निगरानी में ग्राम परधानी के विकास कार्यों व पूर्व घोटाले की निष्पक्ष जांच करवाकर गांव-समाज को न्याय दिलवाते हैं या नहीं..?

यह भी पढ़िये 👉भदोही कंठ (०२) – भ्रष्टाचार बोले तो बिगड़ा हुआ आचरण, पढ़िये अंतरराष्ट्रीय मुद्दा

Leave a Reply

Discover more from सशक्त समाज न्यूज़

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading