कलयुग में अधिकांश लोग औलाद इसलिए चाहते है कि उनकी औलादें बुढ़ापे में सहारा बनेगी और सुकुन से दो रोटी मिलेगी. लेकिन कलयुग में यही चाहत कभी-कभी ‘नासूर’ सी कष्टकारी बन जाती है, जब अपने ही बेटे से त्रस्त बुजुर्गों को न्याय मांगने के लिए भटकना पड़ता है. ऐसा ही एक मामला भदोही जिला के मकनपुर गांव से आया है, जहां से डीएम दरबार पहुंची बुजुर्ग माँ ने, न्याय ना मिलनें पर आत्महत्या कर लेने की बात कह दी।
मामला ज्ञानपुर तहसील के सुरियावां थाना क्षेत्र अंतर्गत मकनपुर गांव का है, जहां की निवासी एक विधवा व वृद्ध महिला ने शुक्रवार को जिलाधिकारी के दरबार पहुंचकर अपने ही कलयुगी और दबंग बेटे के प्रताड़ना से त्रस्त होकर न्याय की गुहार लगाई है. मकनपुर निवासी चमेला देवी ने आरोप लगाया है कि उनके पति रामकरन दूबे दो भाई थे और बड़े भाई को कोई संतान नही थी। चमेला देवी का लड़का श्यामधर दूबे अपने दबंगई और मनमानी की वजह से रामचरन की जमीन को अपने नाम करा लिया था और उसे बेच भी दिया, जबकि अपने पिता के हक की जमीन पर भी अवैध रूप से कब्जा किया है और अपने छोटे भाईयों सुरेन्द्र, नागेन्द्र और महेन्द्र दूबे के हक को भी नही दे रहा है तथा आये दिन गाली-गलौज करते हुए धमकी भी देता है।
पीड़ित महिला द्वारा पुलिस और प्रशासन से कई बार शिकायत की गई लेकिन कोई कार्यवाही नही हुई। शुक्रवार को जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर महिला ने न्याय की गुहार लगाई है तथा कोई सुनवाई न होने पर आत्मदाह करने की भी बात कही है, जिसकी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। हालांकि मामला अब जिलाधिकारी के संज्ञान में आया है, देखते है कि पीड़ित महिला के साथ किस तरह का न्याय होता है।



