यूपी के भदोही जनपद से जुड़े एक दुष्कर्म मामले की Breaking न्यूज सोमवार की देर शाम ‘सशक्त समाज न्यूज’ टीम ने फ्लैश किया, जिसका महाराष्ट्र के पुणे से सीधा कनेक्शन था. फिलहाल इस मामले की पड़ताल में 100% ‘सच’ breaking साबित हुई, जो खबर एलर्ट मिडिया कर्मियों ने सनसनीखेज तथ्यों के साथ प्रकाशित किया…✍️
गौरतलब है कि इस मामले में दर्ज एफआईआर का सशक्त दस्तावेज भी ‘सशक्त समाज न्यूज’ टीम के पास उपलब्ध था. चूंकि मामला एक विधायक के तथाकथित रिश्तेदार के सपूतों से जुड़ा था, इसलिए आसानी से यह खबर कुछ भदोही वासियों के हलक में नहीं उतरी रही थी. जहां पाठकगणों को हमेशा की तरह Breaking न्यूज पर भरोसा था, वहीं महाराष्ट्र पुलिस से दस्तावेजों की पूर्ण पुष्टि का प्रयास जारी था. इसलिए उसे प्रकाशित करना उचित नहीं था. खैर..इसकी भनक लगते ही भदोही जनपद के छोटे-बड़े ही नहीं बल्कि प्रतिष्ठित अखबारों व मिडिया समूहों के पत्रकार पड़ताल में जुट गए।
भदोही ब्यूरो प्रदीप दूबे ने देर रात रिपोर्ट किया कि यह मामला भदोही जनपद में जहां-जहां पहुंचा, वहां-वहां पूर्ण जानकारी ना होनें के कारण चर्चा का विषय बना रहा. अंतत: खबरनवीशों ने यहां महाराष्ट्र पुलिस के पहुंचने की जानकारी सुर्खियों में समाहित किया. बताया जा रहा है कि यह दुष्कर्म आरोपी कोई और नहीं बल्कि बाहुबली विधायक विजय मिश्र पर संपत्ति हड़पने का आरोप लगाने वाले रिश्तेदार कृृष्ण मोहन तिवारी के सपूत व उसका साथी है, जिन्हें दुष्कर्म समेत जालसाजी के आरोप में गिरफ्तार करने सोमवार को महाराष्ट्र के पुणे से पुलिस आई थी. पुलिस द्वारा तीनों आरोपियों की तलाश में भदोही के धनापुर और धनीपुर गांव में दस्तक दी गई. हालांकि खबर है कि पहले ही भनक लगनें से इस दौरान तीनों आरोपी घर से फरार मिले।
सुर्खियों में यह है मामला – एक युवती ने महाराष्ट्र के पुणे जिले अंतर्गत सासवण थाने में एफआईआर जनवरी महीने में दर्ज करवाया है, जिसमें आरोप लगाया है कि गोपीगंज के धनापुर निवासी राजकमल तिवारी, सूरज तिवारी और मनोज मिश्रा ने सुपरवाइजर की नौकरी दिलाने का प्रलोभन देकर उसका शारीरिक शोषण किया। महाराष्ट्र पुलिस के मुताबिक तीनों आरोपियों ने पीड़ित युवती को नौकरी देने के बहाने बार-बार होटल में बुलाया और गलत वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी दी है. तीनों आरोपियों ने दिसंबर 2019 से जनवरी 2021 तक उसके साथ सिलसिलेवार दुष्कर्म भी किया।

चस्पा हुई नोटिस – पुलिस ने तीनों के खिलाफ धारा 376,420 समेत 34 की धारा में एफआईआर दर्ज किया है. इसी मामले में गिरफ्तारी के लिए पुणे से सासवण थाने की टीम गोपीगंज थाना पहुंची और बाद में आरोपियों के यहां नोटिस चस्पा किया. जहां महाराष्ट्र पुलिस द्वारा कहा गया कि यदि दो दिनों के अंदर आरोपी हाजिर नहीं हुए तो कोर्ट की अनुमति से अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।



