उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में २४ घंटे एलर्ट डियुटी पर तैनात रहना पड़ता है. चंद घंटे यदि आराम नसीब होता है तो उसी में घर-परिवार व रिश्तेदारों के कुशल-मंगल की जानकारी लेनी रहती है। खैर…’कर्मभूमि’ में कर्मठता से डटकर डियुटी निभाने के बाद शायद ही कोई विरला होगा, जो ‘जन्मभूमि’ के गांव की मिट्टी का कर्ज उतार पाए. खाकी वर्दी पहनकर गांव लौटने पर रौब झाड़ने वाले हजारों होगे तो, सैकड़ों ऐसे भी होगें जो गाँव के मिट्टी की मँहक ग्रामवासियों की विभिन्न माध्यमों सेवा करके ‘कर्मभूमि’ में भी महसूस कर लेते हैं। ऐसे ही एक ‘इंस्पेक्टर साहब’ भदोही में गांव की गलियों में चर्चित हैं।
गौरतलब है कि भदोही जिले के अभोली ब्लॉक अंतर्गत मउरामशाला गांव निवासी अजय शुक्ला वर्तमान समय में उतर प्रदेश के लखनऊ में पुलिस इंस्पेक्टर पद पर तैनात हैं. पुलिस विभाग में कर्मठता भले कर्मभूमि में दिखाते हों लेकिन जन्मभूमि में भी युवाओं पर एक गहरी छाप छोड़ रहे हैं। बताया जा रहा है कि जब से यह कोरोना महामारी फैली हैै, तब से ये जाबांजी पूर्वक अपनी ड्यूटी के साथ-साथ अपनी ‘जन्मभूमि’ मउरामशाला गाँव को सुरक्षित रखने के लिए अपने वेतन से कोरोना को हरानें में कोई कसर नही छोड़ रहे हैं। सभी ग्रामवासी से लगातार अजय शुक्ला काॅल करके व विभिन्न माध्यमों से अपील भी करते रहेे हैं कि ‘आप लोग जो सरकार द्वारा दिशा निर्देश हैंं, उसका पालन जरूर करें।’ यह बात अलग है कि गांव के कुछ लोगों को युवाओं में ‘इंस्पेक्टर साहब’ की बढ़ती लोकप्रियता हजम नहीं हो रही होगी, जिसके कारण वे कोरोना संक्रमण पर सतर्क नहीं होगें।
फिर मिले संक्रमित – गांव में फिर एक बार कोरोना पाॅजिटिव रिपोर्ट आई है. उक्त संक्रमित अभी पांच दिन पहले महाराष्ट्र से घर आए था और सुरियावां अस्पताल में जांच के लिए सैम्पल गया था, उसके बाद रिपोर्ट पाॅजिटिव निकला. युवाओं ने ‘इंस्पेक्टर साहब’ के नेतृत्व में निरंतर सतर्कता जारी रखा है, जिसके तहत ग्राम पंचायत क्षेत्र में डोर टू डोर सेनिटाईजिंग के साथ माक्स भी भारी संख्या में मउरामशाला कोरोना योध्दा टीम द्वारा वितरण किया गया है।
एलर्ट हो गई युवाओं की टीम– गांव में कोरोना पाॅजिटिव मरीज मिलते ही फिर से सेनिटाईजरिंग युवाओं ने शुरू करवा दिया. इसके साथ-साथ अजय शुक्ला के सहयोगी निर्देश पर बारिश के वजह ग्रामीण इलाकों में पानी डुब जाने से डेंगू, मलेरिया आदि रोग फैलता है, जिससे गाँव को सुरक्षित रखने के लिए जल्द ही कीटनाशक दवा का छिड़काव कराए जाने की योजना बन रही है। फिलहाल कोरोना महामारी के दौरान यदि किसी को कोई गम्भीर बीमारी है तो उसके लिए भी गांव के युवाओं में चर्चित ‘इंस्पेक्टर साहब’ की घंटी बज रही है। युवाओं की जो टीम इस गांव में मुख्य रूप से कार्य कर रही है, उसमें मनोज शुक्ला, विकास, राधे शुक्ला, रवि, सुभाष, दिलीप, कपिलदेव, उमेश, मनीष, शिवकुमार, कलक्टर मिश्रा, शेषधर जैसे दर्जनों की अहम भूमिका है।

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